Union Budget 2026: क्या मध्यम वर्ग को मिलेगी टैक्स से राहत?
1 फरवरी 2026 को भारत की वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण अपना लगातार नौवां बजट पेश करने जा रही हैं। यह बजट न केवल देश की अर्थव्यवस्था की दिशा तय करेगा, बल्कि आम आदमी की जेब पर भी सीधा असर डालेगा।
1. Income Tax: स्टैंडर्ड डिडक्शन में बढ़ोतरी
वर्तमान में यह ₹75,000 है। उम्मीद है कि इसे बढ़ाकर ₹1,00,000 किया जा सकता है, जिससे नौकरीपेशा लोगों की बचत बढ़ेगी।
2. 80C की सीमा में बदलाव
Section 80C की ₹1.5 लाख की सीमा को बढ़ाकर ₹2.5 लाख किया जा सकता है, ताकि निवेश को बढ़ावा मिले।
3. GST में 'इंश्योरेंस राहत'
हेल्थ और लाइफ इंश्योरेंस प्रीमियम पर 18% GST को घटाकर 5% या शून्य करने की प्रबल संभावना है।
4. होम लोन ब्याज पर छूट
Section 24(b) के तहत ब्याज छूट की सीमा को ₹2 लाख से बढ़ाकर ₹4 लाख किया जा सकता है।
5. MSME के लिए वित्तीय ऑक्सीजन
छोटे उद्योगों के लिए सस्ती दरों पर लोन और नई 'क्रेडिट गारंटी स्कीम' का विस्तार संभव है।
6. कैपिटल गेन्स टैक्स का युक्तिकरण
STCG और LTCG टैक्स की जटिलताओं को कम कर निवेश को और अधिक आकर्षक बनाया जा सकता है।
7. ग्रीन हाइड्रोजन और EV
सस्टेनेबल एनर्जी के लिए FAME-III योजना और बैटरी स्टोरेज पर नए इंसेंटिव की उम्मीद है।
8. कस्टम ड्यूटी में कटौती
मोबाइल पार्ट्स और इलेक्ट्रॉनिक्स पर ड्यूटी कम होने से गैजेट्स सस्ते हो सकते हैं।
9. कृषि और डिजिटल मिशन
PM-KISAN निधि में वृद्धि और खेती में AI/ड्रोन के उपयोग के लिए भारी आवंटन की संभावना है।
10. डिफेंस और रेलवे का विस्तार
वंदे भारत स्लीपर ट्रेनों और 'मेक इन इंडिया' रक्षा उपकरणों के लिए रिकॉर्ड बजट आवंटित हो सकता है।
बजट 2026: मुख्य सारांश तालिका
| क्षेत्र (Sector) |
प्रमुख उम्मीद (Expectation) |
| नौकरीपेशा |
स्टैंडर्ड डिडक्शन ₹1 लाख |
| बीमा (Insurance) |
GST 18% -> 5% |
| रियल एस्टेट |
होम लोन छूट में वृद्धि |
| टेक्नोलॉजी |
कस्टम ड्यूटी में कटौती |
निष्कर्ष
सरकार का लक्ष्य राजकोषीय घाटे को संभालते हुए आम जनता की Disposable Income को बढ़ाना है। यह बजट भारतीय अर्थव्यवस्था के लिए मील का पत्थर साबित हो सकता है।
बजट लाइव अपडेट्स के लिए जुड़ें
0 Discussion Comments
No comments yet
Be the first to share your thoughts on this article.